प्रेमचन्द की कीलजयी कहानियाँ: पाठ और प्रासंगिकता
पुष्पलता कुमारी
प्रेमचन्द की कीलजयी कहानियाँ: पाठ और प्रासंगिकता - दिल्ली परिक्रमा प्रकाशन 2016
823 प979प
प्रेमचन्द की कीलजयी कहानियाँ: पाठ और प्रासंगिकता - दिल्ली परिक्रमा प्रकाशन 2016
823 प979प
